| वातस्फीति (Emphysema) | व्यावसायिक श्वसन विकार |
|---|---|
| $(1)$ वातस्फीति एक दीर्घकालिक विकार है जिसमें कूपिका (alveoli) की दीवारें क्षतिग्रस्त हो जाती हैं,जिसके कारण श्वसन सतह कम हो जाती है। | $(1)$ ये विकार कुछ उद्योगों जैसे पत्थर तोड़ने या पीसने के काम में हवा में मौजूद धूल के कणों के लंबे समय तक संपर्क में रहने के कारण होते हैं। |
| $(2)$ सिगरेट पीना वातस्फीति का प्रमुख कारण है। | $(2)$ ये फेफड़ों में सूजन पैदा करते हैं जिससे फाइब्रोसिस (तंतुमय ऊतकों का प्रसार) होता है और फेफड़ों को गंभीर क्षति पहुँचती है। |
| $(3)$ यह मुख्य रूप से कूपिका की दीवार के विनाश की स्थिति है। | $(3)$ श्रमिकों को इन विकारों से बचने के लिए सुरक्षात्मक मास्क पहनने की सलाह दी जाती है। |
Explore More
Vedclass Products
Mock tests in real JEE/NEET style with performance analysis. 5-day free trial.
Start Free TrialGenerate Set A/B/C/D exam papers from 7.5L+ questions in 2 minutes. 3 chapters free.
Try FreeLive online exams with unlimited students, 360° analytics & white-label branding.
See Demo